
राजयोग रिपोर्ट
Rajyog Reportआपकी कुंडली में सभी 47 योग जाँचे गए — कौन-से आपके पास हैं, और कब फल देंगे।
25 पन्नेहिंदी · अंग्रेज़ी · हिंग्लिश
कुंडली में योग
अमल योग जन्म कुंडली का एक शुभ योग है। 1960 से 1999 की 8,349 असली जन्म कुंडलियों में से 34.9% में यह बना, यानी लगभग 3 में से एक कुंडली में।
अमल योग वाली एक असली कुंडली
शुभ योग
बृहस्पति, शुक्र या बुध में से कोई लग्न से (अमल योग) या चंद्रमा से (अमल योग, चंद्र से) दसवें भाव में हो, और वह शुभ ग्रह नीच राशि में न हो।
स्रोत: BPHS।
जैसा कुंडली रिपोर्ट पढ़ती है; योग पूरी कुंडली के साथ तौला जाता है, अकेले कभी नहीं
दशम भाव में अकेला शुभ ग्रह — शास्त्र इसे बेदाग़ योग कहते हैं: ऐसा नाम जो आचरण से बनता है, और इसी वजह से टिकता है। इसे समय के साथ अर्जित भरोसे की तरह पढ़ा जाता है — साख कामों के पीछे आती है, इसी क्रम में।
दसवें भाव का शुभ ग्रह यदि नीच राशि में हो तो योग बनता ही नहीं।
योग अपना फल ज़्यादातर उन ग्रहों की दशा में देता है जो इसे बनाते हैं। विंशोत्तरी दशा
इंजन को असली जन्म कुंडलियों पर चलाकर गिना गया: 1960 से 1999 तक, हर हफ़्ते चार, चार शहरों में
5 जनवरी 1985, 11:00, मुंबई: कुंभ लग्न
यहाँ कैसे बनता है: लग्न से दशम भाव में बुध
| ग्रह | राशि | भाव |
|---|---|---|
| सूर्य | धनु | ग्यारहवें |
| चंद्र | वृषभ | चौथे |
| मंगल | कुंभ | पहले |
| बुध | वृश्चिक | दसवें |
| गुरु | धनु | ग्यारहवें |
| शुक्र | कुंभ | पहले |
| शनि | वृश्चिक | दसवें |
| राहु | वृषभ | चौथे |
| केतु | वृश्चिक | दसवें |
5 जनवरी 1985, 11:00, मुंबई, कुंभ लग्न: चंद्र से दशम भाव में शुक्र। यहाँ यह मध्यम बनता है, जबकि ऊपर की कुंडली में बलवान।
| ग्रह | राशि | भाव |
|---|---|---|
| सूर्य | धनु | ग्यारहवें |
| चंद्र | वृषभ | चौथे |
| मंगल | कुंभ | पहले |
| बुध | वृश्चिक | दसवें |
| गुरु | धनु | ग्यारहवें |
| शुक्र | कुंभ | पहले |
| शनि | वृश्चिक | दसवें |
| राहु | वृषभ | चौथे |
| केतु | वृश्चिक | दसवें |
अपनी कुंडली के लिए पढ़ें

आपकी कुंडली में सभी 47 योग जाँचे गए — कौन-से आपके पास हैं, और कब फल देंगे।
25 पन्नेहिंदी · अंग्रेज़ी · हिंग्लिश

आपकी पूरी कुंडली का फल: हर ग्रह, हर भाव और हर योग, दशाएँ तारीख़ों के साथ, और आपके लिए उपाय।
46 पन्नेहिंदी · अंग्रेज़ी · हिंग्लिश
शुभ योग, जो तब बनता है जब बृहस्पति, शुक्र या बुध में से कोई लग्न से (अमल योग) या चंद्रमा से (अमल योग, चंद्र से) दसवें भाव में हो, और वह शुभ ग्रह नीच राशि में न हो; पूरा नियम ऊपर है।
1960 से 1999 की 8,349 असली जन्म कुंडलियों में से 34.9% में यह बना।
BPHS।
इंजन की जाँच में: दसवें भाव का शुभ ग्रह यदि नीच राशि में हो तो योग बनता ही नहीं; बाक़ी ऊपर के हिस्से में है।
कुंडली रिपोर्ट के अनुसार, दशम भाव में अकेला शुभ ग्रह — शास्त्र इसे बेदाग़ योग कहते हैं: ऐसा नाम जो आचरण से बनता है, और इसी वजह से टिकता है; पूरा फल ऊपर है।
मुफ़्त कुंडली इस पेज के हर योग को आपकी जन्म कुंडली पर जाँचती है और बताती है कौन-से बनते हैं और कितने बलवान।
मुफ़्त कुंडली बनाएँ

