दिसंबर में गृह प्रवेश का मुहूर्त
नई दिल्ली के समय सेदिसंबर 2026 में गृह प्रवेश के लिए 5 शुभ दिन हैं: 3, 4, 12, 19 और 30 दिसंबर। सबसे अच्छा दिन शुक्रवार, 4 दिसंबर 2026 (64%) है। इनमें से 2 खरमास (जब सूर्य धनु या मीन राशि में हों) में पड़ते हैं, जिसके बीतने तक उत्तर भारत के कई परिवार रुकते हैं। 3 और दिनों का मुहूर्त केवल रात में है, इसलिए वे गिने नहीं गए।
3दिसंबर
गुरुवार, 3 दिसंबरकृष्ण दशमी · उत्तरा फाल्गुनीमुहूर्तसुबह 6:57 से 9:23सबसे अच्छा समय:सुबह 8:15 से 9:23
4दिसंबर
शुक्रवार, 4 दिसंबरकृष्ण एकादशी · चित्रामुहूर्तसुबह 10:23 से रात 11:45सबसे अच्छा समय:दोपहर 12:11 से 2:47
12दिसंबर
शनिवार, 12 दिसंबरशुक्ल तृतीया · उत्तराषाढ़ामुहूर्तसुबह 7:03 से दोपहर 2:06सबसे अच्छा समय:सुबह 10:57 से दोपहर 1:32
19दिसंबर
शनिवार, 19 दिसंबरशुक्ल दशमी · रेवतीमुहूर्तसुबह 7:08 से दोपहर 3:58सबसे अच्छा समय:सुबह 11:00 से दोपहर 1:35खरमासउत्तर भारत में कई परिवार इसके ख़त्म होने तक रुकते हैं
30दिसंबर
बुधवार, 30 दिसंबरकृष्ण सप्तमी · उत्तरा फाल्गुनीमुहूर्तसुबह 7:12 से दोपहर 12:36सबसे अच्छा समय:सुबह 7:12 से 8:30खरमासउत्तर भारत में कई परिवार इसके ख़त्म होने तक रुकते हैं
यहाँ दिया हर दिन नीचे लिखे नियमों पर पहले से खरा उतरता है। % केवल इन दिनों को आपस में आँकता है: यह दिन की तिथि, नक्षत्र, वार, योग और करण को इस काम के हिसाब से तौलता है, और 80% या उससे ऊपर के दिन सबसे अच्छे हैं।
दिसंबर5 दिन
सोममंगलबुधगुरुशुक्रशनिरवि12364%464%5678910111264%1314151617181964%202122232425262728293064%31
5 शुभ दिन दिसंबर 2026 में गृह प्रवेश के लिए; नीचे महीने का हर दिन, शुभ हो या नहीं, और क्यों।
- 1 दिसंबरमंगलवार · काल भैरव जयंतीयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 2 दिसंबरबुधवारकेवल रातइसका मुहूर्त रात 10:52 से अगले दिन सुबह 6:57 है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 3 दिसंबरगुरुवारशुभसुबह 8:15 से 9:23कृष्ण दशमी · उत्तरा फाल्गुनी64%
- 4 दिसंबरशुक्रवारशुभदोपहर 12:11 से 2:47कृष्ण एकादशी · चित्रा64%
- 5 दिसंबरशनिवारमुहूर्त नहींइस दिन के शुभ नक्षत्र (चित्रा) और शुभ तिथि (कृष्ण त्रयोदशी) किसी ऐसे घंटे में साथ नहीं आते जो अशुभ योग या करण (पंचांग के दो और अंग: योग सूर्य और चंद्रमा से रोज़ बनने वाले 27 योगों में से एक है, करण आधी तिथि) से मुक्त हो
- 6 दिसंबररविवारयह वार नहींरविवार को यह काम नहीं किया जाता
- 7 दिसंबरसोमवारमुहूर्त नहींकृष्ण चतुर्दशी अगले दिन सुबह 4:13 तक, फिर अमावस्या: इनमें से कोई तिथि गृह प्रवेश के लिए नहीं ली जाती
- 8 दिसंबरमंगलवारयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 9 दिसंबरबुधवारमुहूर्त नहींज्येष्ठा रात 9:00 तक, फिर मूल: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 10 दिसंबरगुरुवारमुहूर्त नहींमूल रात 11:58 तक, फिर पूर्वाषाढ़ा: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 11 दिसंबरशुक्रवारकेवल रातइसका मुहूर्त रात 3:04 से सुबह 7:03 (11–12 दिसंबर की रात) है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 12 दिसंबरशनिवारशुभसुबह 10:57 से दोपहर 1:32शुक्ल तृतीया · उत्तराषाढ़ा64%
- 13 दिसंबररविवारयह वार नहींरविवार को यह काम नहीं किया जाता
- 14 दिसंबरसोमवार · विवाह पंचमीमुहूर्त नहींश्रवण सुबह 9:12 तक, फिर धनिष्ठा: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 15 दिसंबरमंगलवारयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 16 दिसंबरबुधवारमुहूर्त नहींशतभिषा दोपहर 2:02 तक, फिर पूर्वा भाद्रपद: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 17 दिसंबरगुरुवारमुहूर्त नहींशुक्ल अष्टमी रात 11:26 तक, फिर शुक्ल नवमी: इनमें से कोई तिथि गृह प्रवेश के लिए नहीं ली जाती
- 18 दिसंबरशुक्रवारकेवल रातइसका मुहूर्त रात 11:14 से अगले दिन सुबह 7:08 है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 19 दिसंबरशनिवारशुभसुबह 11:00 से दोपहर 1:35शुक्ल दशमी · रेवतीखरमास: उत्तर भारत में कई परिवार इसके ख़त्म होने तक रुकते हैं64%
- 20 दिसंबररविवार · गीता जयंतीयह वार नहींरविवार को यह काम नहीं किया जाता
- 21 दिसंबरसोमवारमुहूर्त नहींभरणी दोपहर 1:09 तक, फिर कृत्तिका: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 22 दिसंबरमंगलवारयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 23 दिसंबरबुधवार · दत्तात्रेय जयंती · मार्गशीर्ष (अगहन) पूर्णिमामुहूर्त नहींशुक्ल चतुर्दशी सुबह 10:47 तक, फिर पूर्णिमा अगले दिन सुबह 6:58 तक, फिर कृष्ण प्रतिपदा: इनमें से कोई तिथि गृह प्रवेश के लिए नहीं ली जाती
- 24 दिसंबरगुरुवारमुहूर्त नहींआर्द्रा अगले दिन रात 1:47 तक, फिर पुनर्वसु: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 25 दिसंबरशुक्रवारमुहूर्त नहींपुनर्वसु रात 10:50 तक, फिर पुष्य: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 26 दिसंबरशनिवारमुहूर्त नहींपुष्य रात 8:13 तक, फिर अश्लेषा: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 27 दिसंबररविवारयह वार नहींरविवार को यह काम नहीं किया जाता
- 28 दिसंबरसोमवारमुहूर्त नहींमघा शाम 4:33 तक, फिर पूर्वा फाल्गुनी: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- 29 दिसंबरमंगलवारयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 30 दिसंबरबुधवारशुभसुबह 7:12 से 8:30कृष्ण सप्तमी · उत्तरा फाल्गुनीखरमास: उत्तर भारत में कई परिवार इसके ख़त्म होने तक रुकते हैं64%
- 31 दिसंबरगुरुवारमुहूर्त नहींकृष्ण अष्टमी दोपहर 12:32 तक, फिर कृष्ण नवमी: इनमें से कोई तिथि गृह प्रवेश के लिए नहीं ली जाती
मुहूर्त किस काम के लिए
और यह दिन कैसे मनाया जाता हैज़्यादातर परिवारों में पहले गणेश पूजा और वास्तु पूजा होती है; फिर परिवार आम के पत्तों वाला जल-कलश लेकर घर में प्रवेश करता है, और घर की स्त्री पहले दायाँ पैर रखती है। नई रसोई में सबसे पहले दूध उफनने तक उबाला जाता है, और कई परिवार उसी रात घर में सोते हैं। मुहूर्त इसी प्रवेश का होता है।
पंचांग में दिसंबर 2026
गृह प्रवेश के लिए इसके 31 दिन किस वजह से खुले या बंद रहे
शुभ5 दिन
ठीक नक्षत्र और तिथि साथ नहीं14 दिन
ऐसा वार जिसमें यह काम नहीं होता9 दिन
मुहूर्त केवल रात में3 दिन
त्योहार के दिन, इस काम के लिए:
- मंगलवार, 1 दिसंबर, काल भैरव जयंती: मंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- सोमवार, 14 दिसंबर, विवाह पंचमी: श्रवण सुबह 9:12 तक, फिर धनिष्ठा: इनमें से कोई नक्षत्र गृह प्रवेश के लिए नहीं लिया जाता
- रविवार, 20 दिसंबर, गीता जयंती: रविवार को यह काम नहीं किया जाता
- बुधवार, 23 दिसंबर, दत्तात्रेय जयंती और मार्गशीर्ष (अगहन) पूर्णिमा: शुक्ल चतुर्दशी सुबह 10:47 तक, फिर पूर्णिमा अगले दिन सुबह 6:58 तक, फिर कृष्ण प्रतिपदा: इनमें से कोई तिथि गृह प्रवेश के लिए नहीं ली जाती
एक दिन की जाँच
शुक्रवार, 4 दिसंबर 2026, इस महीने का सबसे अच्छा दिन, नियमों पर| जाँच | यह दिन | नियम |
|---|
| वार | शुक्रवार | ✓ सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार और शनिवार में से एक |
| नक्षत्र | चित्रा | ✓ उन 8 नक्षत्रों में से एक जिनमें यह काम होता है |
| तिथि | कृष्ण एकादशी | ✓ अनुमत तिथि |
| सबसे अच्छा समय | दोपहर 12:11 से 2:47 | ✓ राहु काल (सुबह 10:52 से दोपहर 12:11) से बाहर |
यहाँ दिए समय नई दिल्ली के हैं; हर शहर में ये सूर्योदय के साथ बदलते हैं, भारत भर में लगभग एक घंटे तक। तिथि और नक्षत्र हर जगह एक ही रहते हैं। अपने शहर के लिए गृह प्रवेश के मुहूर्त का पूरा पेज देखें।