नए घर में पहला प्रवेश, जिस दिन परिवार रहने आए।
अगस्त 2027 में गृह प्रवेश के लिए कोई शुभ दिन नहीं है। 29 अक्टूबर 2027 तक के चंद्र मास इस काम के महीने नहीं हैं। शुक्र 7 सितंबर 2027 तक अस्त हैं, यानी सूर्य के इतने पास हैं कि दिखते नहीं। गुरु 17 सितंबर 2027 तक अस्त हैं, यानी सूर्य के इतने पास हैं कि दिखते नहीं। 2 अगस्त 2027 को यहाँ दिखने वाला ग्रहण इसे बंद रखता है। अगला शुभ दिन सोमवार, 1 नवंबर 2027 है, फिर शुक्रवार, 5 नवंबर 2027 और गुरुवार, 11 नवंबर 2027। नवंबर 2027 में 3 और दिन हैं।
ज़्यादातर परिवारों में पहले गणेश पूजा और वास्तु पूजा होती है; फिर परिवार आम के पत्तों वाला जल-कलश लेकर घर में प्रवेश करता है, और घर की स्त्री पहले दायाँ पैर रखती है। नई रसोई में सबसे पहले दूध उफनने तक उबाला जाता है, और कई परिवार उसी रात घर में सोते हैं। मुहूर्त इसी प्रवेश का होता है।
इस महीने के काल:
त्योहार के दिन, इस काम के लिए:
यहाँ दिए समय नई दिल्ली के हैं; हर शहर में ये सूर्योदय के साथ बदलते हैं, भारत भर में लगभग एक घंटे तक। तिथि और नक्षत्र हर जगह एक ही रहते हैं। अपने शहर के लिए गृह प्रवेश के मुहूर्त का पूरा पेज देखें।
ये वही नियम हैं जो प्रचलित पंचांग इस काम के लिए लगाते हैं; इनकी जड़ मुहूर्त के शास्त्रीय ग्रंथों में है, सबसे बढ़कर मुहूर्त चिंतामणि में।
मुहूर्त चिंतामणि 27 नक्षत्रों को उनके स्वभाव से बाँटता है: ध्रुव (स्थिर), जो टिकना चाहिए उसके लिए; मृदु, मित्रता और संगीत जैसे कोमल कामों के लिए। इस काम के लिए ध्रुव (रोहिणी, उत्तरा फाल्गुनी, उत्तराषाढ़ा, उत्तरा भाद्रपद) और मृदु (मृगशिरा, चित्रा, अनुराधा, रेवती) नक्षत्र लिए जाते हैं। इसमें रिक्ता (“ख़ाली”) तिथियाँ, चतुर्थी, नवमी और चतुर्दशी, छोड़ी जाती हैं, जिनमें शुरुआत नहीं की जाती, और अमावस्या भी। इसकी तालिका में शुक्ल प्रतिपदा, षष्ठी, अष्टमी और द्वादशी, और कृष्ण प्रतिपदा, षष्ठी, अष्टमी और द्वादशी भी नहीं हैं; इस काम के लिए इन्हें नहीं गिना जाता। रविवार सूर्य का दिन है और मंगलवार मंगल का दिन है, और सूर्य और मंगल क्रूर ग्रह हैं, इसलिए वे दिन छोड़े जाते हैं।
गृह प्रवेश के सारे नियम: किन महीनों में होता है, कौन-से काल बंद हैं, और समय
एक भी नहीं, क्योंकि 29 अक्टूबर 2027 तक के चंद्र मास इस काम के महीने नहीं हैं; और शुक्र 7 सितंबर 2027 तक अस्त हैं, यानी सूर्य के इतने पास हैं कि दिखते नहीं; और गुरु 17 सितंबर 2027 तक अस्त हैं, यानी सूर्य के इतने पास हैं कि दिखते नहीं; और 2 अगस्त 2027 को यहाँ दिखने वाला ग्रहण इसे बंद रखता है। अगला शुभ दिन सोमवार, 1 नवंबर 2027 है।
पंचांग के हिसाब से नहीं: भादों कृष्ण पक्ष, जिसे अमांत गणना अभी सावन मानती है: इस महीने यह काम नहीं होता।
इसके 31 दिनों में से 20 दिन ऐसे चंद्र मास में पड़ते हैं जिसमें यह काम नहीं होता, 10 दिन उन वारों के हैं जिनमें यह काम नहीं होता और 1 दिन ग्रहण का है।
जून 2027 में, 2 दिन; जुलाई 2027 में 1।
पंचांग से निकला मुहूर्त नई दिल्ली में सबके लिए एक-सा है। आपकी अपनी कुंडली से पढ़ने पर यह बदल सकता है, और गृह प्रवेश के लिए ये दस मिनट आम तौर पर लगाने लायक हैं।
मुफ़्त कुंडली बनाएँ

