कुंभ ज्योतिष में आपकी चंद्र राशि है। इस पेज पर कुंभ राशि का इस महीने का हाल है, कुंभ से गिने भावों में ग्रहों की चाल के हिसाब से।
कुल मिलाकर अक्टूबर 2026 में पहला पखवाड़ा धीमा और दूसरा पखवाड़ा मिला-जुला — और पूरे महीने साढ़े साती का आख़िरी चरण पैसे को तंग रखता है।
सूर्य आपके आठवें भाव (अचानक बदलाव का भाव) में हैं। सेहत, यात्रा और पैसे में सावधानी चाहिए; जोखिम और अधिकारियों से टकराव से बचें।
सूर्य आपके नौवें भाव (भाग्य और धर्म का भाव) में आते हैं। पिता या बड़ों से मतभेद संभव हैं और भाग्य के लिए ज़्यादा मेहनत चाहिए; सम्मान बनाए रखें।
इस महीने धीमे ग्रहगुरु आपके छठे भाव में हैं (31 अक्टूबर से सातवें भाव में) और शनि दूसरे भाव में — यह साढ़े साती का आख़िरी चरण है। पूरा हाल सालाना राशिफल में है।
काम के लिए अक्टूबर 2026: पहला पखवाड़ा धीमा और दूसरा पखवाड़ा मिला-जुला।
आठवें भाव में सूर्य इस समय को काम के लिए थकाने वाला बनाते हैं: मेहनत की क़द्र नहीं होती, योजनाएँ अचानक बदलती हैं और आप थके-थके महसूस कर सकते हैं। दफ़्तर और टैक्स के काग़ज़ात ठीक रखें, अधिकारियों से बहस से बचें, और इन हफ़्तों में न इस्तीफ़ा दें, न नया काम शुरू करें। चुपचाप, ध्यान से किया काम आपको पार लगाता है।
नौवें भाव में सूर्य बॉस, किसी मार्गदर्शक या पिता से रिश्ते में खिंचाव ला सकते हैं: जिस मदद पर भरोसा था वह देर से या शर्तों के साथ मिलती है। इस महीने जो लोग आपका मूल्यांकन करते हैं, उनसे उसूलों पर बहस न करें। काम की यात्रा, ट्रेनिंग और पढ़ाई ठीक-ठाक चलती है।
बुध आपके नौवें भाव (भाग्य और धर्म का भाव) में हैं; 24 अक्टूबर से 13 नवंबर तक वक्री रहेंगे, इसलिए तब हर ऑफ़र लेटर और अनुबंध दो बार पढ़ें, और जो दस्तख़त रुक सके उसे उसके बाद करें।
छठे भाव में मंगल प्रतियोगिता जीतने और कठिन काम निपटाने के लिए बहुत अच्छे हैं। विरोधी कमज़ोर पड़ते हैं; नौकरी की परीक्षा, पुलिस, सेना, सर्जरी, इंजीनियरिंग और बिक्री के लक्ष्यों के लिए अच्छा।
यह दिन इंटरव्यू, वरिष्ठों से मुलाक़ात, योजना की पेशकश और मंज़ूरी के लिए रखें।
चंद्राष्टम: चंद्रमा आपके आठवें भाव में — नई नौकरी की शुरुआत, अनुबंध पर दस्तख़त, इस्तीफ़ा या वरिष्ठों से बहस टालें
प्रेम और विवाह के लिए अक्टूबर 2026: पहला पखवाड़ा धीमा और दूसरा पखवाड़ा मिला-जुला।
आठवें भाव में सूर्य छिपी चिंताएँ सामने ला सकते हैं: ससुराल का कोई मामला, साझा पैसे की कोई उलझन या सेहत की कोई फ़िक्र जिससे थकान और चिड़चिड़ापन बढ़े। इस महीने किसी रिश्ते पर फ़ैसले का दबाव न डालें; उसके बजाय चुपचाप जानकारी जुटाएँ। शादीशुदा जोड़े पैसे पर खुलकर बात करें और एक-दूसरे से कुछ न छिपाएँ।
नौवें भाव में सूर्य इस महीने पिता और बड़ों को आपके प्रेम-जीवन में ले आते हैं: उनकी राय का वज़न होता है, और वे उस पर अड़े भी रह सकते हैं। बहस से पहले उनकी बात सुनें, ख़ासकर अगर किसी रिश्ते के लिए उनकी सहमति चाहिए। शादीशुदा जोड़ों के लिए बड़ों से मिलने जाना या साथ में तीर्थयात्रा अच्छी रहती है।
शुक्र आपके नौवें भाव (भाग्य और धर्म का भाव) में हैं; 3 अक्टूबर से 14 नवंबर तक वक्री रहेंगे, इसलिए बातचीत आगे बढ़ाएँ और सगाई या शादी की तारीख़ उसके बाद तय करें।
छठे भाव में मंगल प्रतिद्वंद्वियों, अफ़वाहों या दख़ल से दृढ़ता से निपटने में मदद करते हैं, और रिश्ते की बात की रुकावटें हटाते हैं।
यह दिन रिश्ते के लिए परिवार से मुलाक़ात, साथ घूमने जाने या दिल की बात के लिए रखें। पर बुध 24 अक्टूबर से वक्री हैं, इसलिए ज़रूरी बातें मैसेज पर नहीं, आमने-सामने करें।
चंद्राष्टम: चंद्रमा आपके आठवें भाव में — रिश्ता पक्का करना, रिश्ते के बड़े फ़ैसले या झगड़ा छेड़ना टालें
सेहत के लिए अक्टूबर 2026: पहला पखवाड़ा धीमा और दूसरा पखवाड़ा मिला-जुला।
आठवें भाव में सूर्य इन हफ़्तों में ताक़त घटाते हैं: बुख़ार, गर्मी से होने वाली परेशानी या कोई पुरानी तकलीफ़ लौट सकती है, और ठीक होने में समय लगता है। शरीर आराम माँगे तो आराम करें, तेज़ धूप और भारी मेहनत से बचें, और कुछ दिनों से ज़्यादा टिकने वाले लक्षण को नज़रअंदाज़ न करें — डॉक्टर को दिखाएँ।
नौवें भाव में सूर्य सफ़र या लंबे दिनों के बाद थका सकते हैं, और इस महीने पिता या किसी बड़े की सेहत के लिए डॉक्टर के पास जाना पड़ सकता है। अपनी नींद नियमित रखें, सफ़र में पानी और हल्का खाना साथ रखें, और बड़ों के लिए डॉक्टर का समय महीने के आख़िर में नहीं, शुरुआत में ही ले लें।
छठे भाव में मंगल शरीर को मुक़ाबले की ताक़त देते हैं: संक्रमण ठीक होता है, दम-ख़म बना रहता है और चल रहा इलाज अच्छा असर करता है; किसी खटकती तकलीफ़ को डॉक्टर के साथ सँभालने का अच्छा समय।
बुध आपके नौवें भाव (भाग्य और धर्म का भाव) में हैं; 24 अक्टूबर से 13 नवंबर तक वक्री रहेंगे, इसलिए तब रिपोर्ट और पर्चे पर अमल से पहले उन्हें दोबारा जाँचें।
यह दिन जाँच और नई दिनचर्या या खान-पान की शुरुआत के लिए रखें।
शुक्र वक्री: मिठाई, भारी खाना और देर रातें लौट आती हैं; ज़्यादती पर लगाम रखें
चंद्राष्टम: चंद्रमा आपके आठवें भाव में — ज़्यादा थकान, जोखिम भरा सफ़र, भारी वज़न उठाना और नींद छोड़ना टालें
धन के लिए अक्टूबर 2026: पहला पखवाड़ा धीमा और दूसरा पखवाड़ा मिला-जुला।
आठवें भाव में सूर्य इस महीने कोई बिना योजना का बिल ला सकते हैं — टैक्स का नोटिस, बीमा से जुड़ा सवाल, इलाज का ख़र्च या अटका भुगतान। नौकरी वाले नई ईएमआई न लें; व्यापारी लंबे उधार पर माल न दें। कुछ नक़दी अलग रखें, काग़ज़ समय पर जमा करें और इन हफ़्तों में सट्टे से दूर रहें।
नौवें भाव में सूर्य पिता, बड़ों या वरिष्ठों से जुड़े पैसों के मामले सामने लाते हैं: मदद मिल सकती है, पर शर्तों या देरी के साथ। यात्रा, किसी धार्मिक आयोजन या माता-पिता पर ख़र्च बढ़ सकता है। नौकरी वाले वादा किए गए भुगतान पर तब तक भरोसा न करें जब तक वह आ न जाए; व्यापारी दूर के ऑर्डर ध्यान से जाँचें।
शुक्र आपके नौवें भाव (भाग्य और धर्म का भाव) में हैं; 3 अक्टूबर से 14 नवंबर तक वक्री रहेंगे, इसलिए बड़ी ख़रीदारी और नया निवेश उसके बाद करें; बकाया माँगना और काग़ज़ी काम अभी हो सकता है।
बुध आपके नौवें भाव (भाग्य और धर्म का भाव) में हैं; 24 अक्टूबर से 13 नवंबर तक वक्री रहेंगे, इसलिए तब हर आँकड़ा दोबारा जाँचें, और बड़े ट्रांसफ़र व क़र्ज़ के काग़ज़ उसके बाद रखें।
यह दिन बकाये की वसूली और पैसों के काग़ज़ी काम के लिए रखें।
चंद्राष्टम: चंद्रमा आपके आठवें भाव में — उधार देना, क़र्ज़ लेना, पैसों के काग़ज़ों पर दस्तख़त या किसी भी तरह का सट्टा टालें
घर-परिवार के लिए अक्टूबर 2026: पहला पखवाड़ा धीमा और दूसरा पखवाड़ा मिला-जुला।
आठवें भाव में सूर्य इन हफ़्तों में अचानक ख़र्च, किसी बड़े की सेहत पर ध्यान देने की ज़रूरत, या विरासत या ससुराल से जुड़ा कोई पुराना मामला घर में वापस ला सकते हैं। आपकी अपनी ताक़त भी कम रह सकती है। कुछ पैसा अलग रखें, बड़ों की जाँच देर से नहीं, जल्दी करवाएँ, और पुश्तैनी प्रॉपर्टी की बात काग़ज़ हाथ में लेकर ही करें।
नौवें भाव में सूर्य पिता और बड़ों से जुड़े मामलों को छूते हैं: इस महीने पिता से किसी बात पर मतभेद, या उनकी सेहत, आपका ध्यान माँग सकती है। घर में धार्मिक योजनाएँ आगे बढ़ती हैं, पर कैसे करना है इस पर थोड़ी खींचतान रहती है। असहमति जताने से पहले उनकी पूरी बात सुनें, और पारिवारिक पूजा में सिर्फ़ इंतज़ाम न करें, मन से शामिल हों।
शुक्र आपके नौवें भाव (भाग्य और धर्म का भाव) में हैं; 3 अक्टूबर से 14 नवंबर तक वक्री रहेंगे, इसलिए गाड़ी, गहने या महँगा सामान उसके बाद ख़रीदें।
छठे भाव में मंगल ठोस क़दम उठाकर पारिवारिक विवाद सुलझाने या घर का क़र्ज़ उतारने में मदद करते हैं; तय दिनचर्या से बड़ों की सेहत सुधरती है।
यह दिन पारिवारिक कार्यक्रमों, घर में पूजा, प्रॉपर्टी देखने जाने और लंबे समय से टलती पारिवारिक बातचीत के लिए रखें। पर बुध 24 अक्टूबर से वक्री हैं, इसलिए प्रॉपर्टी के काग़ज़ दोबारा पढ़ें, और ज़रूरी बातें आमने-सामने कहें।
चंद्राष्टम: चंद्रमा आपके आठवें भाव में — प्रॉपर्टी के सौदे, गृह प्रवेश, घर की कोई बड़ी ख़रीद या पुराने पारिवारिक विवाद छेड़ना टालें
चंद्रमा आठवें भाव में (अचानक बदलाव और छिपे मामले), चंद्राष्टम; उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र
चंद्रमा आठवें भाव में (अचानक बदलाव और छिपे मामले), चंद्राष्टम; हस्त नक्षत्र
चंद्रमा ग्यारहवें भाव में (आमदनी, लाभ और मित्र), चंद्रमा के लिए अच्छी जगह; मूल नक्षत्र
दिन का अंक ज़्यादातर चंद्रमा का है: उस दिन वे आपकी राशि से किस भाव में हैं। महीने का अपना अंक (65) धीमे ग्रहों से पढ़ा जाता है — महीने भर सूर्य, मंगल, शुक्र और बुध, और उनके पीछे गुरु और शनि — इसलिए वह दिनों के औसत (73) से नीचे रह सकता है।
जिनके चंद्रमा कुंभ में हों, वे विचारशील, स्वतंत्र और मानवता की परवाह करने वाले होते हैं। ऐसे लोग अलग ढंग से सोचते हैं, समाज और दोस्तों की परवाह करते हैं और व्यावहारिक मदद करना पसंद करते हैं। ये कभी उदासीन लग सकते हैं और अपनी राय पर अड़ जाते हैं। कुंभ शनि की राशि है, इसलिए ये विज्ञान, तकनीक, समाज सेवा और बड़ी संस्थाओं में अच्छा करते हैं।
पितृ पक्ष: 10 अक्टूबर तक
इंदिरा एकादशी: एकादशी 5–6 अक्टूबर की रात 2:08 से 6–7 अक्टूबर की रात 12:35 तक · पारण 7 अक्टूबर, सुबह 6:18 से 8:37 तक
गुरु प्रदोष व्रत: त्रयोदशी 7 अक्टूबर, रात 11:17 से 8 अक्टूबर, रात 10:16 तक · पूजा शाम 6:00 से रात 8:27 तक
मासिक शिवरात्रि: चतुर्दशी 8 अक्टूबर, रात 10:16 से 9 अक्टूबर, रात 9:36 तक · निशीथ 8 अक्टूबर, रात 11:44 से 12:33 तक
सर्व पितृ अमावस्या: अमावस्या 9 अक्टूबर, रात 9:36 से 10 अक्टूबर, रात 9:20 तक
शारदीय नवरात्रि: घटस्थापना मुहूर्त सुबह 6:19 से 10:12 तक; इस समय चित्रा नक्षत्र और वैधृति योग है, इसलिए कई परिवार अभिजीत मुहूर्त चुनते हैं, सुबह 11:45 – दोपहर 12:31
तुला संक्रांति: सूर्य तुला राशि में आते हैं
पापांकुशा एकादशी: एकादशी 21 अक्टूबर, दोपहर 2:12 से 22 अक्टूबर, दोपहर 2:48 तक · पारण 23 अक्टूबर, सुबह 6:27 से 8:42 तक
शुक्र प्रदोष व्रत: त्रयोदशी 23 अक्टूबर, दोपहर 2:36 से 24 अक्टूबर, दोपहर 1:37 तक · पूजा शाम 5:44 से रात 8:17 तक
करवा चौथ: नई दिल्ली में चंद्रोदय रात 8:17
बचे हुए दिनों में शुक्रवार 30 अक्टूबर (75)। गुरुवार 29 अक्टूबर (56) को सबसे ज़्यादा ध्यान रखें।
अच्छा, 100 में से 65: करियर 66, प्रेम 65, सेहत 66, पैसा 63।
अंक 4, 7, 8; रंग काला और बैंगनी।
आपकी अपनी कुंडली सिर्फ़ आपकी है। इसे मुफ़्त बनाएँ, या 24 में से किसी भी ज्योतिषी से उस गोचर के बारे में पूछें जो सच में आप पर चल रहा है। पैसे मिनट के हिसाब से, और सिर्फ़ तब तक जब कोई जवाब दे रहा हो।
मुफ़्त कुंडली बनाएँ

