मई में नया व्यापार शुरू करने का मुहूर्त
नई दिल्ली के समय सेमई 2027 में नया व्यापार शुरू करने के लिए 7 शुभ दिन हैं: 3, 8, 9, 12, 17, 21 और 31 मई। सबसे अच्छा दिन सोमवार, 17 मई 2027 (94%) है। 7 और दिनों का मुहूर्त केवल रात में है, भद्रा (विष्टि करण, आधी तिथि जिसमें नया काम नहीं किया जाता) में पड़ता है या राहु काल (दिन के उजाले का वह आठवाँ हिस्सा जो राहु का माना जाता है) में पड़ता है, इसलिए वे गिने नहीं गए।
3मई
सोमवार, 3 मईकृष्ण द्वादशी · उत्तरा भाद्रपदमुहूर्तसुबह 8:19 से दोपहर 12:53; शाम 5:27 से अगले दिन रात 12:08; रात 1:50 से सुबह 4:43 (3–4 मई की रात)सबसे अच्छा समय:सुबह 8:58 से 10:38
8मई
शनिवार, 8 मई अक्षय तृतीयाशुक्ल द्वितीया सुबह 11:43 तक, फिर शुक्ल तृतीया · रोहिणीमुहूर्तसुबह 7:59 से दोपहर 12:33; शाम 5:07 से रात 11:49; रात 1:31 से सुबह 4:23 (8–9 मई की रात)सबसे अच्छा समय:सुबह 10:37 से दोपहर 12:33
9मई
रविवार, 9 मईशुक्ल तृतीया · मृगशिरामुहूर्तसुबह 7:54 से 9:03सबसे अच्छा समय:सुबह 7:54 से 9:03
12मई
बुधवार, 12 मईशुक्ल सप्तमी · पुष्यमुहूर्तसुबह 7:42 से दोपहर 12:18सबसे अच्छा समय:सुबह 8:55 से 10:36
17मई
सोमवार, 17 मईशुक्ल द्वादशी · हस्तमुहूर्तसुबह 5:29 से 7:23; सुबह 9:37 से 11:59; शाम 6:50 से रात 11:14; रात 12:56 से 3:48 (17–18 मई की रात)सबसे अच्छा समय:सुबह 5:29 से 7:11
21मई
शुक्रवार, 21 मईकृष्ण प्रतिपदा · अनुराधामुहूर्तसुबह 5:27 से 7:07; सुबह 9:23 से 11:43सबसे अच्छा समय:सुबह 5:27 से 7:07
31मई
सोमवार, 31 मईकृष्ण एकादशी · रेवतीमुहूर्तसुबह 5:23 से 6:27; सुबह 8:43 से 11:02; शाम 5:55 से रात 10:19; रात 12:01 से 2:53 (31 मई–1 जून की रात); सुबह 4:29 से 5:23 (मंगलवार, 1 जून की सुबह)सबसे अच्छा समय:शाम 5:55 से 7:14
यहाँ दिया हर दिन नीचे लिखे नियमों पर पहले से खरा उतरता है। % केवल इन दिनों को आपस में आँकता है: यह दिन की तिथि, नक्षत्र, वार, योग और करण को इस काम के हिसाब से तौलता है, और 80% या उससे ऊपर के दिन सबसे अच्छे हैं।
मई7 दिन
सोममंगलबुधगुरुशुक्रशनिरवि12364%4567882%989%10111285%131415161794%1819202191%2223242526272829303167%
7 शुभ दिन मई 2027 में नया व्यापार शुरू करने के लिए; नीचे महीने का हर दिन, शुभ हो या नहीं, और क्यों।
- 1 मईशनिवारमुहूर्त नहींशतभिषा अगले दिन रात 1:16 तक, फिर पूर्वा भाद्रपद: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 2 मईरविवारकेवल रातइसका मुहूर्त रात 2:40 से सुबह 4:48 (2–3 मई की रात) है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 3 मईसोमवारशुभसुबह 8:58 से 10:38कृष्ण द्वादशी · उत्तरा भाद्रपद64%
- 4 मईमंगलवारयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 5 मईबुधवारमुहूर्त नहींकृष्ण चतुर्दशी शाम 6:17 तक, फिर अमावस्या: इनमें से कोई तिथि नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं ली जाती
- 6 मईगुरुवारमुहूर्त नहींभरणी अगले दिन रात 1:18 तक, फिर कृत्तिका: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 7 मईशुक्रवारकेवल रातइसका मुहूर्त रात 11:42 से 11:52; रात 1:36 से सुबह 4:28 (7–8 मई की रात) है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 8 मईशनिवार · अक्षय तृतीया · अबूझ मुहूर्त: परंपरा में यह दिन अपने-आप शुभ है, और कई परिवार इस दिन बिना मुहूर्त देखे काम करते हैंशुभसुबह 10:37 से दोपहर 12:33शुक्ल द्वितीया सुबह 11:43 तक, फिर शुक्ल तृतीया · रोहिणी82%
- 9 मईरविवारशुभसुबह 7:54 से 9:03शुक्ल तृतीया · मृगशिरा89%
- 10 मईसोमवारमुहूर्त नहींआर्द्रा शाम 6:08 तक, फिर पुनर्वसु: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 11 मईमंगलवारयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 12 मईबुधवारशुभसुबह 8:55 से 10:36शुक्ल सप्तमी · पुष्य85%
- 13 मईगुरुवारमुहूर्त नहींअश्लेषा दोपहर 1:41 तक, फिर मघा: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 14 मईशुक्रवार · सीता नवमीमुहूर्त नहींमघा दोपहर 12:42 तक, फिर पूर्वा फाल्गुनी: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 15 मईशनिवारकेवल रातइसका मुहूर्त दोपहर 12:00 से 12:06; शाम 7:00 से रात 11:22; रात 1:04 से 3:56 (15–16 मई की रात) है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 16 मईरविवारभद्रा मेंइसका मुहूर्त सुबह 5:31 से 7:27; सुबह 9:41 से दोपहर 12:01; शाम 6:55 से रात 11:17; रात 12:59 से 3:51 (16–17 मई की रात); सुबह 5:27 से 5:29 (सोमवार, 17 मई की सुबह) है, पर काम के घंटों में यह भद्रा (विष्टि करण) में पड़ता है
- 17 मईसोमवारशुभसुबह 5:29 से 7:11शुक्ल द्वादशी · हस्त94%
- 18 मईमंगलवार · नरसिंह जयंतीयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 19 मईबुधवारमुहूर्त नहींस्वाति दोपहर 12:19 तक, फिर विशाखा: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 20 मईगुरुवार · बुद्ध पूर्णिमाकेवल रातइसका मुहूर्त शाम 6:39 से रात 11:03; रात 12:45 से 3:37 (20–21 मई की रात); सुबह 5:13 से 5:27 (शुक्रवार, 21 मई की सुबह) है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 21 मईशुक्रवारशुभसुबह 5:27 से 7:07कृष्ण प्रतिपदा · अनुराधा91%
- 22 मईशनिवारमुहूर्त नहींज्येष्ठा शाम 4:50 तक, फिर मूल: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 23 मईरविवारमुहूर्त नहींमूल शाम 7:17 तक, फिर पूर्वाषाढ़ा: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 24 मईसोमवारकेवल रातइसका मुहूर्त रात 12:29 से 3:21 (24–25 मई की रात); सुबह 4:57 से 5:25 (मंगलवार, 25 मई की सुबह) है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
- 25 मईमंगलवारयह वार नहींमंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- 26 मईबुधवारमुहूर्त नहींश्रवण अगले दिन सुबह 4:19 तक, फिर धनिष्ठा: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 27 मईगुरुवारमुहूर्त नहींधनिष्ठा पूरे दिन: यह नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 28 मईशुक्रवारमुहूर्त नहींधनिष्ठा सुबह 7:14 तक, फिर शतभिषा: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 29 मईशनिवारमुहूर्त नहींशतभिषा सुबह 9:42 तक, फिर पूर्वा भाद्रपद: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- 30 मईरविवारराहु काल मेंइसका मुहूर्त शाम 6:00 से रात 10:22; रात 12:04 से 2:58 (30–31 मई की रात); सुबह 4:32 से 5:23 (सोमवार, 31 मई की सुबह) है, पर काम के घंटों में यह राहु काल में पड़ता है
- 31 मईसोमवारशुभशाम 5:55 से 7:14कृष्ण एकादशी · रेवती67%
मुहूर्त किस काम के लिए
और यह दिन कैसे मनाया जाता हैमुहूर्त दुकान खुलने के लिए है: शटर उठाना, दीया जलाना और पहली बिक्री, यानी बोहनी, इसी समय के भीतर। कई दुकानदार पहले गणेश और लक्ष्मी की पूजा करते हैं, दरवाज़े पर स्वस्तिक बनाकर शुभ-लाभ लिखते हैं, और उसी घंटे बही-खाता खोलते हैं। फ़र्म का रजिस्ट्रेशन या पहला बिल भी इसी तरह समय से किया जा सकता है।
पंचांग में मई 2027
नया व्यापार शुरू करने के लिए इसके 31 दिन किस वजह से खुले या बंद रहे
शुभ7 दिन
ठीक नक्षत्र और तिथि साथ नहीं13 दिन
मुहूर्त केवल रात में5 दिन
ऐसा वार जिसमें यह काम नहीं होता4 दिन
मुहूर्त भद्रा में1 दिन
मुहूर्त राहु काल में1 दिन
त्योहार के दिन, इस काम के लिए:
- शनिवार, 8 मई, अक्षय तृतीया: नया व्यापार शुरू करने के लिए शुभ, सबसे अच्छा समय सुबह 10:37 से दोपहर 12:33
- शुक्रवार, 14 मई, सीता नवमी: मघा दोपहर 12:42 तक, फिर पूर्वा फाल्गुनी: इनमें से कोई नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने के लिए नहीं लिया जाता
- मंगलवार, 18 मई, नरसिंह जयंती: मंगलवार को यह काम नहीं किया जाता
- गुरुवार, 20 मई, बुद्ध पूर्णिमा: इसका मुहूर्त शाम 6:39 से रात 11:03; रात 12:45 से 3:37 (20–21 मई की रात); सुबह 5:13 से 5:27 (शुक्रवार, 21 मई की सुबह) है, जिसमें दिन का उजाला आधे घंटे से कम है; यह काम दिन में होता है
एक दिन की जाँच
सोमवार, 17 मई 2027, इस महीने का सबसे अच्छा दिन, नियमों पर| जाँच | यह दिन | नियम |
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| वार | सोमवार | ✓ सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार, शनिवार और रविवार में से एक |
| नक्षत्र | हस्त | ✓ उन 11 नक्षत्रों में से एक जिनमें यह काम होता है |
| तिथि | शुक्ल द्वादशी | ✓ अनुमत तिथि |
| सबसे अच्छा समय | सुबह 5:29 से 7:11 | ✓ राहु काल (सुबह 7:11 से 8:53) से बाहर |
| लग्न और भाव | वृषभ लग्न: आठवाँ भाव ख़ाली, बारहवाँ भाव शुक्र | ✓ आठवें भाव या बारहवें भाव में सूर्य, मंगल या शनि न हों |
यहाँ दिए समय नई दिल्ली के हैं; हर शहर में ये सूर्योदय के साथ बदलते हैं, भारत भर में लगभग एक घंटे तक। तिथि और नक्षत्र हर जगह एक ही रहते हैं। अपने शहर के लिए नया व्यापार शुरू करने के मुहूर्त का पूरा पेज देखें।