CosmiqeAI
नई दिल्ली · पौष कृष्ण एकादशी

सफला एकादशी 2027
रविवार, 3 जनवरी 2027

पौष कृष्ण पक्ष की एकादशी, दिसंबर-जनवरी की ठंड में।

पारण सोमवार, 4 जनवरी, सुबह 7:15 से 9:18 तकविष्णु2027, 2028
सफला एकादशी 2027 · नई दिल्लीरविवार, 3 जनवरीसफला एकादशी · पौष कृष्ण एकादशी
एकादशी शुरू
2 जनवरी, दोपहर 2:24
एकादशी समाप्त
3 जनवरी, शाम 4:08
पारण (व्रत खोलने का समय)
4 जनवरी, सुबह 7:15 से 9:18 तक
उसके बाद · नई दिल्लीगुरुवार, 23 दिसंबरसफला एकादशी · पौष कृष्ण एकादशी
एकादशी शुरू
22 दिसंबर, रात 11:41
एकादशी समाप्त
23 दिसंबर, रात 11:12
पारण (व्रत खोलने का समय)
24 दिसंबर, सुबह 7:11 से 9:14 तक

नई दिल्ली के लिए, भारतीय समय में। तिथि हर जगह एक ही क्षण शुरू और ख़त्म होती है; व्रत का दिन और उसके समय नई दिल्ली के हैं, और विदेश में एक दिन आगे-पीछे हो सकते हैं।

2027, 2028 में सफला एकादशी

तिथि और पारण के साथ
20273 जनवरीरविवारएकादशी 2 जनवरी, दोपहर 2:24 से 3 जनवरी, शाम 4:08 तकपारण 4 जनवरी, सुबह 7:15 से 9:18 तक
202723 दिसंबरगुरुवारएकादशी 22 दिसंबर, रात 11:41 से 23 दिसंबर, रात 11:12 तकपारण 24 दिसंबर, सुबह 7:11 से 9:14 तक
202812 दिसंबरमंगलवारएकादशी 11 दिसंबर, शाम 5:33 से 12 दिसंबर, दोपहर 3:13 तकपारण 13 दिसंबर, सुबह 7:05 से 9:09 तक
सफला एकादशी रख रहे हैं?हमारे मुहूर्त ज्योतिषी एस्ट्रो मुहूर्त से व्रत, उसकी पूजा और अपने शहर के समय के बारे में पूछें।

सफला एकादशी के बारे में

सफला का अर्थ है प्रयासों को सफल करने वाली।

यह किस लिए रखी जाती है

काम में सफलता, जैसे इसकी कथा में राजकुमार का जीवन इससे बदल गया।

सफला एकादशी व्रत कथा

चंपावती के राजा महिष्मत का पुत्र लुंपक राजकोष लुटाता और प्रजा को सताता था, इसलिए उसे राज्य से निकाल दिया गया। वह वन में एक पुराने पीपल के नीचे रहने लगा। पौष की दशमी की रात इतनी कड़ी ठंड पड़ी कि वह अगली दोपहर तक बेहोश पड़ा रहा।

शिकार के लिए बहुत कमज़ोर होने से उसने गिरे हुए फल बटोरे, और रात को कुछ और न कर पाने पर उन्हें पीपल की जड़ में विष्णु को अर्पित कर ठंड में जागता रहा। अनजाने में उसने सफला एकादशी का व्रत कर लिया। इससे वह बदल गया, घर लौटा, और अच्छा राज किया।

पद्म पुराण के उत्तर खंड के एकादशी माहात्म्य से, जहाँ श्री कृष्ण युधिष्ठिर को हर एकादशी की कथा और उसका पुण्य सुनाते हैं।

व्रत विधि

इसका माहात्म्य पूजा में फल चढ़ाने को कहता है: नारायण को मौसम के फल, नारियल, आँवला, अनार और सुपारी अर्पित करें, और रात को बहुत से दीपक जलाएँ।

बाक़ी यह हर एकादशी की तरह रखी जाती है: दशमी को बिना चावल का एक बार सात्विक भोजन, सुबह संकल्प, एक दिन पहले तोड़ी तुलसी से विष्णु पूजा, कथा, और पारण तक कोई अनाज नहीं, उसकी जगह फल, दूध, साबूदाना, कुट्टू और सिंघाड़ा। एकादशी पेज पर हर चरण और क्या खाएँ, किससे बचें, इसकी पूरी सूची है।

व्रत कब खोलें

हरि वासर, यानी द्वादशी का पहला चौथाई भाग, 3 जनवरी, रात 10:41 तक, सूर्योदय से पहले ही, ख़त्म हो जाता है, इसलिए व्रत प्रातःकाल यानी दिन के पहले पाँचवें हिस्से में खोला जाता है: सोमवार, 4 जनवरी को सुबह 7:15 से 9:18 तक, नई दिल्ली में।

सभी एकादशी

और हर एक कब है
5नवंबररमा एकादशीकार्तिक कृष्ण एकादशीगुरुवार, 5 नवंबर 202620नवंबरदेवउठनी एकादशीकार्तिक शुक्ल एकादशीशुक्रवार, 20 नवंबर 20264दिसंबरउत्पन्ना एकादशीअगहन कृष्ण एकादशीशुक्रवार, 4 दिसंबर 202620दिसंबरमोक्षदा एकादशीअगहन शुक्ल एकादशीरविवार, 20 दिसंबर 20263जनवरीसफला एकादशीपौष कृष्ण एकादशीरविवार, 3 जनवरी 202718जनवरीपौष पुत्रदा एकादशीपौष शुक्ल एकादशीसोमवार, 18 जनवरी 20272फ़रवरीषटतिला एकादशीमाघ कृष्ण एकादशीमंगलवार, 2 फ़रवरी 202717फ़रवरीजया एकादशीमाघ शुक्ल एकादशीबुधवार, 17 फ़रवरी 20274मार्चविजया एकादशीफाल्गुन कृष्ण एकादशीगुरुवार, 4 मार्च 202718मार्चआमलकी एकादशीफाल्गुन शुक्ल एकादशीगुरुवार, 18 मार्च 20272अप्रैलपापमोचनी एकादशीचैत्र कृष्ण एकादशीशुक्रवार, 2 अप्रैल 202717अप्रैलकामदा एकादशीचैत्र शुक्ल एकादशीशनिवार, 17 अप्रैल 20272मईवरूथिनी एकादशीवैशाख कृष्ण एकादशीरविवार, 2 मई 202716मईमोहिनी एकादशीवैशाख शुक्ल एकादशीरविवार, 16 मई 20271जूनअपरा एकादशीज्येष्ठ कृष्ण एकादशीमंगलवार, 1 जून 202714जूननिर्जला एकादशीज्येष्ठ शुक्ल एकादशीसोमवार, 14 जून 202730जूनयोगिनी एकादशीआषाढ़ कृष्ण एकादशीबुधवार, 30 जून 202714जुलाईदेवशयनी एकादशीआषाढ़ शुक्ल एकादशीबुधवार, 14 जुलाई 202729जुलाईकामिका एकादशीसावन कृष्ण एकादशीगुरुवार, 29 जुलाई 202712अगस्तश्रावण पुत्रदा एकादशीसावन शुक्ल एकादशीगुरुवार, 12 अगस्त 202728अगस्तअजा एकादशीभादों कृष्ण एकादशीशनिवार, 28 अगस्त 202711सितंबरपरिवर्तिनी एकादशीभादों शुक्ल एकादशीशनिवार, 11 सितंबर 202726सितंबरइंदिरा एकादशीआश्विन कृष्ण एकादशीरविवार, 26 सितंबर 202711अक्टूबरपापांकुशा एकादशीआश्विन शुक्ल एकादशीसोमवार, 11 अक्टूबर 202726मार्चपद्मिनी एकादशीअधिक चैत्र शुक्ल एकादशीसोमवार, 26 मार्च 20299अप्रैलपरमा एकादशीअधिक चैत्र कृष्ण एकादशीसोमवार, 9 अप्रैल 2029

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

8 सवाल
2027 में सफला एकादशी कब है?

2027 में सफला एकादशी रविवार, 3 जनवरी 2027 को है, नई दिल्ली में। एकादशी 2 जनवरी, दोपहर 2:24 से 3 जनवरी, शाम 4:08 तक रहेगी।

2027 में सफला एकादशी का पारण कब है?

सोमवार, 4 जनवरी को, सुबह 7:15 से 9:18 तक, नई दिल्ली में। सूर्योदय के बाद, हरि वासर ख़त्म होने पर और द्वादशी ख़त्म होने से पहले व्रत खोलें।

क्या 2027 में दूसरी सफला एकादशी भी है?

हाँ: नई दिल्ली में गुरुवार, 23 दिसंबर 2027; पारण 24 दिसंबर को, सुबह 7:11 से 9:14 तक।

दिसंबर 2028 में सफला एकादशी की तारीख़?

नई दिल्ली में मंगलवार, 12 दिसंबर 2028; पारण 13 दिसंबर को, सुबह 7:05 से 9:09 तक।

सफला एकादशी किस महीने में आती है?

पौष कृष्ण एकादशी, उत्तर भारत के पूर्णिमांत कैलेंडर में। दक्षिण और पश्चिम के अमांत कैलेंडर में यह पिछले महीने में गिनी जाती है, क्योंकि वहाँ कृष्ण पक्ष पिछले महीने के नाम से चलता है; तारीख़ वही रहती है।

क्या एकादशी पर पानी पी सकते हैं?

हाँ, अगर आपने निर्जला का संकल्प नहीं लिया है। ज़्यादातर परिवार एकादशी जल और फलाहार के साथ रखते हैं; परंपरा में सिर्फ़ ज्येष्ठ की निर्जला एकादशी बिना पानी के रखी जाती है। कौन-सा व्रत रख रहे हैं, यह संकल्प के समय तय करें।

एकादशी पर चावल क्यों नहीं खाते?

परंपरा एकादशी के व्रत से हर अनाज को, और सबसे पहले चावल को, दूर रखती है; पुराण कहते हैं कि इस दिन पाप अन्न में आश्रय लेता है। जो व्रत नहीं रखते, वे भी आमतौर पर उस दिन चावल नहीं खाते।

पारण क्या है, और समय छूट जाए तो?

पारण का मतलब है द्वादशी को, हर तारीख़ के साथ दिए समय में, व्रत खोलना। समय निकल जाए तो द्वादशी रहते जितनी जल्दी हो सके, जल और थोड़े प्रसाद से व्रत खोलें। परंपरा में दोष द्वादशी ख़त्म होने के बाद व्रत खोलना माना जाता है।

व्रत का दिन सबके लिए एक होता है, पर हर किसी की कुंडली अलग होती है।

अपनी मुफ़्त कुंडली बनाएँ, या 24 ज्योतिषियों में से किसी से पूछें कि कौन-सा व्रत आपके किस ग्रह को बल देगा। पैसे मिनट के हिसाब से।

AI ज्योतिषी से चैट करें

वैदिक ज्योतिष में प्रशिक्षित 24 AI ज्योतिषी। किसी भी भारतीय भाषा में चैट करें; कॉल हिंदी और अंग्रेज़ी में।एस्ट्रो व्यासवैदिक ज्योतिषएस्ट्रो प्रेमप्रेम और रिश्तेएस्ट्रो कुबेरधन और निवेशएस्ट्रो वैद्यसेहत और तंदुरुस्तीचैट, सेकॉल, सेशुल्क हर मिनट के हिसाब से लगता है, और सिर्फ़ तब तक जब तक चैट या कॉल चालू रहे। जब चाहें बंद करें।

आपकी कुंडली से रिपोर्ट

9 विस्तृत रिपोर्ट, जिनमें जन्म कुंडली, कुंडली मिलान और वार्षिक भविष्यवाणी हैं।हिंदी, अंग्रेज़ी और हिंग्लिशरिपोर्ट देखें
सफला एकादशी के बारे में पूछेंएस्ट्रो मुहूर्त · पूछें