2027 में मिथुन राशि के लिए करियर, दौर-दर-दौर: मिथुन से गिने भावों में गुरु, शनि, राहु और केतु की चाल से पढ़ा गया।
100 में से 65। सबसे अच्छा समय: 14 अप्रैल से 25 जून तक। काम के लिए सबसे मज़बूत महीने: अप्रैल, मई और जून; सबसे कमज़ोर: जनवरी और नवंबर।
काम के लिए 2027 में सबसे अच्छा समय 25 जनवरी से 25 जून तक है; 26 जून से 19 अक्टूबर तक और 26 नवंबर से मिला-जुला; 24 जनवरी तक और 20 अक्टूबर से 25 नवंबर तक धीमा। 13 अप्रैल तक गुरु वक्री रहते हैं, इसलिए काम के अच्छे दौर का वह हिस्सा धीमा रहता है।
तीसरे भाव में गुरु का होना करियर के लिए कमज़ोर स्थिति है: मेहनत पूरी होती है, पर श्रेय और पैसा देर से मिलता है। तबादला, काम की छोटी यात्राएँ और जगह बदलना आम है। जल्दबाज़ी में नौकरी न छोड़ें और थोड़ी सी बढ़ोतरी के लिए नौकरी न बदलें — हुनर बढ़ाएँ, अपने काम को ठीक से सामने रखें और यह समय निकलने दें।
दूसरे भाव में गुरु का होना कमाई के लिए सबसे अच्छी स्थितियों में से एक है: वेतन बढ़ना, बेहतर तनख़्वाह वाला ऑफ़र या व्यापार में लगातार आमदनी की संभावना है, और काम पर आपकी बात का वज़न होता है। तनख़्वाह की बात अभी करें, बाद में नहीं। पारिवारिक व्यापार ख़ास तौर पर अच्छा चलता है; बैंकिंग, पढ़ाना, खाने-पीने का काम और सलाह का काम भी। इस समय गुरु की दृष्टि आपके दसवें भाव पर भी है, इसलिए बड़े आपके काम पर ध्यान देते हैं और भूमिका बढ़ सकती है।
चौथे भाव में गुरु ध्यान घर की ओर ले जाते हैं, इसलिए कुछ समय काम पीछे लगता है। काम में सुविधा बढ़ती है — बेहतर जगह, वाहन, या घर के पास पोस्टिंग — पर तरक़्क़ी धीमी रहती है। काम के लिए नए शहर जाने की बात आ सकती है; परिवार के साथ बैठकर फ़ैसला करें। प्रॉपर्टी, शिक्षा और घर से होने वाला काम अच्छा चलता है।
दसवें भाव में शनि करियर को इस दौर की मुख्य परीक्षा बनाते हैं: काम का भारी बोझ, सख़्त बॉस और धीरे मिलने वाली पहचान। अनुशासन से निभाया जाए तो यह पक्की जगह बनाती है — कई लोगों को असली ज़िम्मेदारी इसी में मिलती है। बड़ों से अहं का टकराव और किसी भी तरह का शॉर्टकट न करें।
ग्यारहवें भाव में शनि लगातार और टिकाऊ लाभ देते हैं: आमदनी बढ़ती है, पुरानी मेहनत का फल मिलता है और बड़े लोग मदद करते हैं। प्रमोशन, लंबे प्रोजेक्ट और टिकाऊ जान-पहचान के लिए बहुत अच्छा समय।
आठवें भाव में राहु काम में अचानक मोड़ लाते हैं; जोखिम भरे निवेश से बचें और रिकॉर्ड साफ़ रखें।
14 अप्रैल से 25 जून तक: वेतन बढ़ाने की बात करें, बेहतर नौकरी के लिए आवेदन करें, सौदा पक्का करें या नया काम शुरू करें। 13 अप्रैल तक गुरु वक्री रहते हैं, इसलिए यह समय उसके बाद से रखा गया है। बस 10 जून से 25 जून तक (बुध वक्री) अनुबंध और ऑफ़र लेटर पर दस्तख़त टालें।
गुरु वक्री: तरक़्क़ी धीमी होती है और बड़ों के वादे टलते हैं; अभी उन पर भरोसा न करें
बुध वक्री: ऑफ़र लेटर, अनुबंध और ईमेल दोबारा पढ़ें; इंटरव्यू की ज़्यादा तैयारी करें
सूर्य ग्रहण: आपके दूसरे भाव (धन और परिवार का भाव) में ग्रहण — इसके आसपास के हफ़्ते में नई नौकरी या नया काम शुरू न करें
शनि वक्री: पुराना अटका काम और पुराने विवाद लौटते हैं; नया शुरू करने से पहले उन्हें निपटाएँ
2027 में मिथुन राशि के लिए काम के मामले में सबसे अच्छा महीना जून (81) है और सबसे कमज़ोर जनवरी और नवंबर (54)। हर महीना उसके बीच की स्थिति से पढ़ा गया है, और उसमें पड़ने वाले हर वक्री ग्रह और ग्रहण के लिए अंक थोड़ा घटता है; इसीलिए अच्छे दौर के भीतर भी कोई महीना नीचे आ सकता है।
| महीना | अंक | किस वजह से | नौकरी शुरू करने के दिन | नया व्यापार शुरू करने के दिन |
|---|---|---|---|---|
| जनवरी | 54 | मेहनत ज़्यादा, फल धीमा; गुरु और मंगल वक्री | 2 | 10 |
| फ़रवरी | 66 | आमदनी बढ़ती है; गुरु, मंगल और बुध वक्री; 6 फ़रवरी को सूर्य ग्रहण, आपके आठवें भाव में; 21 फ़रवरी को चंद्र ग्रहण, आपके तीसरे भाव में | 2 | 7 |
| मार्च | 71 | आमदनी बढ़ती है; गुरु, मंगल और बुध वक्री | 2 | 8 |
| अप्रैल | 73 | आमदनी बढ़ती है; गुरु और मंगल वक्री | — | 6 |
| मई | 76 | आमदनी बढ़ती है | 2 | 7 |
| जून | 81 | आमदनी बढ़ती है; बुध वक्री | 1 | 6 |
| जुलाई | 59 | मेहनत ज़्यादा, फल धीमा; बुध वक्री; 18 जुलाई को चंद्र ग्रहण, आपके आठवें भाव में | 3 | 12 |
| अगस्त | 57 | मेहनत ज़्यादा, फल धीमा; शनि वक्री; 2 अगस्त को सूर्य ग्रहण, आपके दूसरे भाव में; 17 अगस्त को चंद्र ग्रहण, आपके आठवें भाव में | 1 | 9 |
| सितंबर | 61 | मेहनत ज़्यादा, फल धीमा; शनि वक्री | 4 | 8 |
| अक्टूबर | 59 | मेहनत ज़्यादा, फल धीमा; शनि और बुध वक्री | 1 | 8 |
| नवंबर | 54 | मेहनत ज़्यादा, फल धीमा; शनि वक्री | 3 | 7 |
| दिसंबर | 65 | काम ठहरता है, घर खींचता है; शनि वक्री | 3 | 8 |
सूर्य, जो अधिकार, बड़ों और सरकार के ग्रह हैं, हर महीने नई राशि में जाते हैं (संक्रांति)। गोचर (चंद्र राशि से ग्रहों की चाल का फल) में वे चंद्र राशि से तीसरे, छठे, दसवें और ग्यारहवें भाव में अच्छे माने जाते हैं: माँगने, आवेदन करने और नज़र में आने के महीने। 2027 में मिथुन राशि के लिए इनके अच्छे दौर ये हैं: 15 मार्च से 14 मई तक, 17 अगस्त से 16 सितंबर तक और 17 नवंबर से 15 दिसंबर तक।
| कब | राशि | चंद्र राशि से भाव | काम के लिए |
|---|---|---|---|
| 13 जनवरी तक | धनु | सातवाँ | भारी |
| 14 जनवरी से 12 फ़रवरी तक | मकर | आठवाँ | भारी |
| 13 फ़रवरी से 14 मार्च तक | कुंभ | नौवाँ | भारी |
| 15 मार्च से 13 अप्रैल तक | मीन | दसवाँ | अच्छा |
| 14 अप्रैल से 14 मई तक | मेष | ग्यारहवाँ | अच्छा |
| 15 मई से 14 जून तक | वृषभ | बारहवाँ | भारी |
| 15 जून से 16 जुलाई तक | मिथुन | पहला | भारी |
| 17 जुलाई से 16 अगस्त तक | कर्क | दूसरा | भारी |
| 17 अगस्त से 16 सितंबर तक | सिंह | तीसरा | अच्छा |
| 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक | कन्या | चौथा | भारी |
| 18 अक्टूबर से 16 नवंबर तक | तुला | पाँचवाँ | भारी |
| 17 नवंबर से 15 दिसंबर तक | वृश्चिक | छठा | अच्छा |
| 16 दिसंबर से | धनु | सातवाँ | भारी |
नियम फलदीपिका के गोचर अध्याय (गोचरफल) का है, जो हर गोचर चंद्र राशि से पढ़ता है।
मिथुन से गिनकर, ऊपर का फल इन्हीं भावों से पढ़ा गया है। हर एक के साथ उसकी राशि, उसके स्वामी, और 2027 में उसमें रहने वाले या उस पर दृष्टि डालने वाले धीमे ग्रह (गुरु, शनि, राहु और केतु, जो एक राशि में साल या उससे ज़्यादा रहते हैं) दिए हैं।
वेतन और काम से होने वाली आमदनी। इसके स्वामी चंद्र हैं। 2027 में केतु पूरे साल आपके दूसरे भाव में रहेंगे; गुरु 25 जनवरी से 25 जून तक आपके दूसरे भाव में रहेंगे।
रोज़ का काम, नौकरी, प्रतिस्पर्धा और काम की जगह के विरोधी। इसके स्वामी मंगल हैं। 2027 में गुरु 25 जनवरी से 25 जून तक आपके छठे भाव पर दृष्टि डालेंगे।
व्यापार के साझेदार, ग्राहक और सौदे। इसके स्वामी गुरु हैं। 2027 में गुरु 24 जनवरी तक और 26 जून से 25 नवंबर तक आपके सातवें भाव पर दृष्टि डालेंगे; शनि 2 जून तक और 20 अक्टूबर से आपके सातवें भाव पर दृष्टि डालेंगे।
नौकरी, पद और बड़ों की नज़र में आपकी साख। इसके स्वामी गुरु हैं। 2027 में शनि 2 जून तक और 20 अक्टूबर से आपके दसवें भाव में रहेंगे; गुरु 25 जनवरी से 25 जून तक और 26 नवंबर से आपके दसवें भाव पर दृष्टि डालेंगे।
लाभ, तरक़्क़ी और वे लोग जो इन्हें लाते हैं। इसके स्वामी मंगल हैं। 2027 में गुरु 24 जनवरी तक और 26 जून से 25 नवंबर तक आपके ग्यारहवें भाव पर दृष्टि डालेंगे; शनि 3 जून से 19 अक्टूबर तक आपके ग्यारहवें भाव में रहेंगे।
चंद्राष्टम वह समय है जब चंद्रमा आपकी राशि से आठवीं राशि, यहाँ मकर, से गुज़रते हैं: हर महीने लगभग सवा दो दिन, जिनमें परंपरा कोई नई शुरुआत नहीं करती। मुहूर्त की तारीख़ें सबके लिए होती हैं; ये वे दिन हैं जो आपका चंद्राष्टम हटाने के बाद बचते हैं।
नौकरी शुरू करने के मुहूर्त
2027 में नौकरी शुरू करने के 33 मुहूर्तों में से 9 आपके चंद्राष्टम पर पड़ते हैं, इसलिए उन्हें छोड़ दिया गया है। बाक़ी में से 2 दिन काम के आपके सबसे अच्छे दौर (14 अप्रैल से 25 जून तक) में और "सावधानी" वाले बुध के वक्री हफ़्तों से बाहर पड़ते हैं:
नया व्यापार शुरू करने के मुहूर्त
2027 में नया व्यापार शुरू करने के 103 मुहूर्तों में से 7 आपके चंद्राष्टम पर पड़ते हैं, इसलिए उन्हें छोड़ दिया गया है। बाक़ी में से 11 दिन काम के आपके सबसे अच्छे दौर (14 अप्रैल से 25 जून तक) में और "सावधानी" वाले बुध के वक्री हफ़्तों से बाहर पड़ते हैं; मुहूर्त के अंकों से सबसे मज़बूत 10:
गुरु आपके दसवें भाव (मीन) के स्वामी हैं, और यह भाव इनका है: नौकरी, पद और बड़ों की नज़र में आपकी साख। परंपरा किसी भाव को उसके स्वामी के ज़रिए बल देती है, इसलिए इस साल काम के लिए गुरु का उपाय सबसे उपयोगी है। हो सके तो गुरुवार को ॐ गुरवे नमः का 108 बार जप करें, और उसी दिन चने की दाल और हल्दी का दान करें। मज़बूत स्वामी धीमे दौर में भी अपने भाव को सँभाले रखता है। गुरु के सभी उपाय →
100 में से 65, अच्छा। इस पैमाने पर 80 और ऊपर बहुत अच्छा है, 65 से 79 अच्छा, 50 से 64 ठीक-ठाक और 50 से नीचे भारी। 24 जनवरी तक और 20 अक्टूबर से 25 नवंबर तक समय धीमा रहता है।
काम के लिए सबसे ज़्यादा अंक अप्रैल (73), मई (76) और जून (81) के हैं, और सबसे कम जनवरी और नवंबर के (54)। हर महीने की वजह ऊपर महीने दर महीने वाली तालिका में है।
2027 में नौकरी या तरक़्क़ी के लिए आगे बढ़ने का समय 14 अप्रैल से 25 जून तक है; इसके भीतर भी "सावधानी" में लिखे वक्री हफ़्ते छोड़ दें।
गुरु वक्री: 13 अप्रैल तक; बुध वक्री: 9 फ़रवरी से 3 मार्च तक, 10 जून से 5 जुलाई तक और 7 अक्टूबर से 28 अक्टूबर तक; सूर्य ग्रहण: 2 अगस्त; शनि वक्री: 9 अगस्त से 24 दिसंबर तक। हर एक में क्या करें, यह ऊपर "सावधानी" में है।
आपकी अपनी कुंडली सिर्फ़ आपकी है। इसे मुफ़्त बनाएँ, या 24 में से किसी भी ज्योतिषी से उस गोचर के बारे में पूछें जो सच में आप पर चल रहा है। पैसे मिनट के हिसाब से, और सिर्फ़ तब तक जब कोई जवाब दे रहा हो।
मुफ़्त कुंडली बनाएँ

