पंचांग · तिथि
पूर्णिमा शुक्ल पक्ष को पूरा करती है, पूर्णा तिथि, देवता चंद्रमा। अगली: सोमवार 23 नवंबर, रात 11:42 से मंगलवार 24 नवंबर, रात 8:23 तक (नई दिल्ली)।
शुरू और समाप्ति, मिनट तक, नई दिल्ली
| तिथि | मास | शुरू | समाप्त | अवधि |
|---|---|---|---|---|
| पूर्णिमा | कार्तिक | सोमवार 23 नवंबर, रात 11:42 | मंगलवार 24 नवंबर, रात 8:23 | 21 घंटे |
| पूर्णिमा | अगहन | बुधवार 23 दिसंबर, सुबह 10:47 | गुरुवार 24 दिसंबर, सुबह 6:58 | 20 घंटे |
| पूर्णिमा | पौष | गुरुवार 21 जनवरी 2027, रात 9:30 | शुक्रवार 22 जनवरी 2027, शाम 5:47 | 20 घंटे |
| पूर्णिमा | माघ | शनिवार 20 फ़रवरी 2027, सुबह 8:00 | रविवार 21 फ़रवरी 2027, सुबह 4:53 | 21 घंटे |
तिथि उसी दिन मानी जाती है जिस दिन वह सूर्योदय के समय चल रही हो, इसलिए सूर्योदय के बाद शुरू होने वाली तिथि आम तौर पर अगले दिन मानी जाती है। दूसरे शहरों में सूर्योदय के हिसाब से मिनट बदलते हैं; पंचांग में आपके शहर का समय है।
इनमें पूर्णिमा 20 से 21 घंटे तक चली: तिथि सूर्य से चंद्रमा की 12° की दूरी है, और चंद्रमा पृथ्वी के पास तेज़ चलता है, इसलिए कोई दो तिथियाँ बराबर लंबी नहीं होतीं।
पूर्णा तिथि, मुहूर्त चिंतामणि के पाँच वर्गों में
पूर्णा (पूर्ण): हर शुभ काम: पाँचों में सबसे पूर्ण।
वर्ग हर पाँच तिथियों में दोहराते हैं: नंदा (1, 6, 11) आनंद के लिए, भद्रा (2, 7, 12) टिकाऊ काम के लिए, जया (3, 8, 13) विजय के लिए, रिक्ता (4, 9, 14) निपटाने के लिए, और पूर्णा (5, 10, 15) हर शुभ शुरुआत के लिए। मुहूर्त में वार, नक्षत्र और लग्न भी देखे जाते हैं। मुहूर्त
शुक्ल पक्ष में चंद्रमा अमावस्या से पूर्णिमा तक बढ़ता है; कृष्ण पक्ष में फिर घटता है। एक ही नाम की तिथि महीने में दो बार आती है, और उसके साथ पक्ष बोला जाता है।
अगली पूर्णिमा सोमवार 23 नवंबर, रात 11:42 पर शुरू होकर मंगलवार 24 नवंबर, रात 8:23 पर ख़त्म होगी, नई दिल्ली के समय से।
मुहूर्त चिंतामणि के पाँच वर्गों में पूर्णिमा पूर्णा (पूर्ण) तिथि है, यानी हर शुभ काम: पाँचों में सबसे पूर्ण।
पूर्णिमा: चंद्रमा।
पंचांग आपके शहर में सूर्योदय की तिथि और उसकी समाप्ति बताता है।
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